फैक्ट्री हादसे में तीन उंगलियां गंवाने वाले श्रमिक ने लगाई न्याय की गुहार, कंपनी प्रबंधन पर गंभीर आरोप
फैक्ट्री हादसे में तीन उंगलियां गंवाने वाले श्रमिक ने लगाई न्याय की गुहार, कंपनी प्रबंधन पर गंभीर आरोप
सौरभ गंगवार/टुडे हिंदुस्तान
रुद्रपुर। ट्रांजिट कैंप निवासी अरविंद कुमार ने फैक्ट्री दुर्घटना में स्थायी दिव्यांग होने के बाद न्याय और मुआवजे की मांग को लेकर प्रशासन को प्रार्थना पत्र सौंपा है। उन्होंने कंपनी प्रबंधन, ठेकेदार और श्रम विभाग के अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच एवं कठोर कार्रवाई की मांग की है। अरविंद कुमार के अनुसार वह सिडकुल पंतनगर सेक्टर-9 स्थित राधेश्याम टूल्स एंड डिजाइन में ठेकेदार के माध्यम से कार्यरत थे। उन्होंने बताया कि वह केवल हाईस्कूल शिक्षित हैं और भारी औद्योगिक मशीनों के संचालन का न तो उन्हें प्रशिक्षण दिया गया था और न ही कोई अनुभव था। इसके बावजूद उनसे प्रेस मशीन पर कार्य कराया जा रहा था।
प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया है कि 14 सितंबर 2025 को प्रेस मशीन में तकनीकी खराबी होने के बावजूद फैक्ट्री प्रबंधन ने मशीन बंद नहीं की और बिना सुरक्षा उपकरणों व प्रशिक्षण के उनसे काम कराया इसी दौरान हुए हादसे में उनके दाहिने हाथ की तीन उंगलियां गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गईं।
अरविंद का कहना है कि दुर्घटना के बाद उन्हें समय पर समुचित चिकित्सा सुविधा भी उपलब्ध नहीं कराई गई। अब तक उनके हाथ के चार ऑपरेशन हो चुके हैं और अंततः उनकी उंगलियां काटनी पड़ीं, जिससे वह स्थायी रूप से दिव्यांग हो गए। उन्होंने बताया कि इलाज के दौरान उनके पेट का भी ऑपरेशन हुआ, जिससे उनकी शारीरिक और मानसिक स्थिति और अधिक खराब हो गई।
पीड़ित ने बताया कि वह अपने नेत्रहीन माता सहित पूरे परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य थे। दुर्घटना के बाद रोजगार छिन जाने से परिवार आर्थिक संकट में है। इलाज के लिए उन्हें रिश्तेदारों और परिचितों से उधार लेना पड़ा, जिससे उन पर करीब ढाई लाख रुपये का कर्ज हो गया है। अरविंद कुमार ने आरोप लगाया कि दुर्घटना के बाद कंपनी अथवा ठेकेदार द्वारा उन्हें नियमित वेतन का भुगतान भी नहीं किया गया उन्होंने यह भी दावा किया कि श्रम विभाग में शिकायत करने पर कंपनी प्रबंधन द्वारा मामले को प्रभावित करने की बातें कही गईं।।

