रुद्रपुर में मातृ मृत्यु दर पर सख्ती: जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया व सीएमओ डॉ. केके अग्रवाल ने दिए कड़े निर्देश
रुद्रपुर में मातृ मृत्यु दर पर सख्ती: जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया व सीएमओ डॉ. केके अग्रवाल ने दिए कड़े निर्देश
सौरभ गंगवार/टुडे हिंदुस्तान
रुद्रपुर। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया की अध्यक्षता में जिला सभागार में जनपद में मातृ मृत्यु दर की स्थिति को लेकर महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ मातृ मृत्यु के कारणों और भविष्य में रोकथाम के उपायों पर विस्तृत चर्चा की गई जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि हाई-रिस्क प्रेग्नेंसी वाले मामलों की पहचान कर उनकी विशेष निगरानी सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने निर्देश दिए कि आशा और एएनएम के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में गर्भवती महिलाओं का शत-प्रतिशत पंजीकरण और नियमित स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित की जाए, इसमें किसी प्रकार की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी उन्होंने प्रसव के दौरान रेफरल सिस्टम को और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बनाने पर जोर दिया, ताकि आपातकालीन स्थिति में समय रहते उचित उपचार मिल सके। साथ ही, ऐसे पंजीकृत चिकित्सालयों को चिन्हित करने के निर्देश दिए गए, जहां चिकित्सकों की निगरानी के बिना प्रसव कराए जा रहे हैं। इन संस्थानों पर स्वास्थ्य विभाग द्वारा आकस्मिक निरीक्षण कर अनियमितता मिलने पर कड़ी कार्रवाई करने को कहा गया।
जिलाधिकारी ने गृह प्रसव कराने वाली दाइयों की सतत निगरानी के निर्देश भी दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि कोई दाई अवैध रूप से प्रसव कराती पाई जाती है, तो उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इसके अलावा, यदि कोई आशा कार्यकर्ता गर्भवती महिलाओं को निजी अस्पतालों में ले जाती पाई जाती है, तो उसके विरुद्ध भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि मातृ मृत्यु दर को कम करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है और इस दिशा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. केके अग्रवाल ने बताया कि जनपद में अब तक कुल 18 मातृ मृत्यु के मामले सामने आए हैं, जिनमें से 11 मामलों की समीक्षा पहले ही की जा चुकी थी, जबकि बैठक में 7 नए मामलों की समीक्षा की गई। प्रत्येक मामले का गहन विश्लेषण किया गया, जिसमें प्रसव के दौरान जटिलताएं, एनीमिया (खून की कमी) और समय पर अस्पताल न पहुंच पाना प्रमुख कारणों के रूप में सामने आए बैठक में मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शाशनी, एसीएमओ डॉ. डीपी सिंह, पीएमएस डॉ. आरके सिंह, जनपद के सभी चिकित्सा अधीक्षक सहित डीपीएम हिमांशु, चांद मियां, डीसीएम निधि शर्मा, डीपीओ मोहम्मद आमिर खान एवं विभिन्न ब्लॉकों के कार्यक्रम प्रबंधक मौजूद रहे।।

