गंभीर मरीजों के उपचार में पार्क हॉस्पिटल बना रुद्रपुरवासियों की उम्मीद, चिकित्सकीय सेवाओं की हो रही सराहना
सौरभ गंगवार/टुडे हिंदुस्तान
रुद्रपुर। चिकित्सा सुविधाओं के क्षेत्र में रुद्रपुर स्थित पार्क हॉस्पिटल कम समय में अपनी अलग पहचान बनाने की ओर बढ़ रहा है। अस्पताल में उपलब्ध चिकित्सा सेवाओं के साथ चिकित्सकों और नर्सिंग स्टाफ के व्यवहार की भी मरीजों और उनके तीमारदारों द्वारा सराहना की जा रही है। अस्पताल में रेस्पिरेटरी मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. रवि कांत पांडे (MBBS, MD) सहित अनुभवी चिकित्सकों की टीम मरीजों को उपचार उपलब्ध करा रही है। पूर्व में मेडिसिटी से संचालित और वर्तमान में पार्क हॉस्पिटल के रूप में संचालित अस्पताल में उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों के अलावा उत्तर प्रदेश से भी मरीज उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। खटीमा, टनकपुर, बनबसा और नेपाल सीमा क्षेत्र से भी मरीज यहां इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार गंभीर अवस्था में आने वाले कई मरीजों को उपचार के बाद स्वास्थ्य लाभ मिलने पर डिस्चार्ज किया जा रहा है।
चिकित्सकों और स्टाफ के व्यवहार की हो रही सराहना
पार्क हॉस्पिटल में कार्यरत चिकित्सकों और स्टाफ में बड़ी संख्या में हरियाणा एवं गुरुग्राम क्षेत्र से जुड़े चिकित्सकीय कर्मचारी शामिल हैं। मरीजों और तीमारदारों का कहना है कि अस्पताल का स्टाफ मरीजों के साथ परिवार के सदस्यों की तरह व्यवहार करता है। नर्सिंग स्टाफ द्वारा मरीजों के साथ सहज और मुस्कुराते हुए व्यवहार किए जाने से मरीजों को उपचार के दौरान मानसिक रूप से भी सकारात्मक माहौल मिलता है। अस्पताल की एक पहल भी मरीजों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है। मरीजों के प्रति विश्वास और अपनत्व का भाव प्रदर्शित करने के लिए स्वस्थ होकर जाने वाले मरीजों को गुलाब का फूल देकर विदाई दी जाती है। मरीजों का कहना है कि इस तरह का व्यवहार अस्पताल में उपचार के साथ मानवीय संवेदनाओं को भी दर्शाता है।
कम समय में बना रहा भरोसा
रुद्रपुर में स्थापित पार्क हॉस्पिटल में लगातार विभिन्न क्षेत्रों से मरीजों के पहुंचने से अस्पताल की चिकित्सा सेवाओं को लेकर लोगों का भरोसा बढ़ता दिखाई दे रहा है। मरीजों और उनके तीमारदारों के अनुसार अस्पताल में चिकित्सकीय उपचार के साथ स्टाफ का व्यवहार भी संतोषजनक है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि अस्पताल इसी तरह बेहतर चिकित्सा सेवाएं और मरीजों के प्रति मानवीय व्यवहार बनाए रखता है तो आने वाले समय में पार्क हॉस्पिटल रुद्रपुर ही नहीं, बल्कि पूरे कुमाऊं क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण स्वास्थ्य केंद्र के रूप में अपनी पहचान बना सकता है।
कृष्णा हॉस्पिटल से पार्क हॉस्पिटल पहुंचने के बाद एक घंटे में मिली राहत
कुछ दिन पूर्व एक मरीज को सांस लेने में परेशानी होने पर परिजन उपचार के लिए कृष्णा हॉस्पिटल लेकर पहुंचे थे। परिजनों के अनुसार, मरीज का सुबह करीब 9 बजे से शाम 4 बजे तक उपचार किया गया। इस दौरान करीब दो घंटे तक मरीज को आईसीयू में भी रखा गया, लेकिन परिजनों को मरीज की स्थिति में अपेक्षित सुधार दिखाई नहीं दिया इसके बाद परिजनों ने मरीज को शाम करीब 4:30 बजे कृष्णा हॉस्पिटल से डिस्चार्ज कराकर पार्क हॉस्पिटल में भर्ती कराया पार्क हॉस्पिटल की इमरजेंसी में उपचार शुरू होने के बाद करीब एक घंटे के भीतर मरीज की स्थिति में उल्लेखनीय सुधार दिखाई दिया और सांस लेने में भी राहत मिली।
परिजनों का कहना है कि कुछ ही समय में मरीज की हालत में आया यह बदलाव उनके लिए बेहद राहत देने वाला रहा परिवार ने पार्क हॉस्पिटल के चिकित्सकों और स्टाफ द्वारा तत्काल उपलब्ध कराए गए उपचार एवं सहयोग की सराहना की परिजनों के अनुसार, उनके लिए यह अनुभव किसी चमत्कार से कम नहीं था।।

