पूर्व विधायक के पूर्व करीबी विकास सागर पर कसा पुलिस का शिकंजा डंपरों से अवैध वसूली, धोखाधड़ी और चोरी के आरोप में मुकदमा दर्ज, राजनीतिक गलियारों में मचा हड़कंप
पूर्व विधायक के पूर्व करीबी विकास सागर पर कसा पुलिस का शिकंजा
डंपरों से अवैध वसूली, धोखाधड़ी और चोरी के आरोप में मुकदमा दर्ज, राजनीतिक गलियारों में मचा हड़कंप
सौरभ गंगवार/टुडे हिंदुस्तान
रुद्रपुर। जिले में लंबे समय से चर्चा में रहे डंपरों से अवैध वसूली के मामले में आखिरकार पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व विधायक के पूर्व करीबी बताए जा रहे विकास सागर के खिलाफ धोखाधड़ी, चोरी, अवैध वसूली और धमकी देने जैसे गंभीर आरोपों में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद जहां राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है, वहीं परिवहन कारोबार से जुड़े लोगों में भी चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। बताया जा रहा है कि क्षेत्र में लंबे समय से डंपर संचालकों, वाहन चालकों और खनन कारोबार से जुड़े लोगों से अवैध वसूली की शिकायतें सामने आ रही थीं आरोप है कि विकास सागर अपने राजनीतिक संबंधों और प्रभाव का हवाला देकर डंपर चालकों पर दबाव बनाता था और उनसे जबरन वसूली करता था। कई वाहन चालकों ने आरोप लगाया कि रकम नहीं देने पर उन्हें धमकाया जाता था और उनके वाहन रोकने तक की चेतावनी दी जाती थी।
सूत्रों के अनुसार यह पूरा मामला पिछले कुछ समय से अधिकारियों के संज्ञान में था, लेकिन राजनीतिक दबाव और प्रभाव के चलते कार्रवाई आगे नहीं बढ़ पा रही थी। हालांकि हाल ही में मामले की शिकायत उच्च स्तर तक पहुंचने के बाद प्रशासन और पुलिस विभाग सक्रिय हो गया। इसके बाद पूरे मामले की गंभीरता से जांच शुरू की गई। पुलिस जांच के दौरान कई डंपर चालकों, व्यापारियों और संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए गए जांच में अवैध वसूली, दबाव बनाकर धन उगाही, धोखाधड़ी और धमकी देने जैसे कई गंभीर आरोप सामने आए इतना ही नहीं, जांच के दौरान पुलिस को चोरी से जुड़े कुछ अहम तथ्य और दस्तावेज भी मिले, जिसके आधार पर विकास सागर के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।
जानकारी के मुताबिक पुलिस अब मामले से जुड़े आर्थिक लेन-देन और कथित अवैध वसूली के नेटवर्क की भी जांच कर रही है। अधिकारियों को आशंका है कि इस मामले में कुछ अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आ सकती है। ऐसे में आने वाले दिनों में कई और नाम जांच के दायरे में आ सकते हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि विकास सागर लंबे समय से खुद को प्रभावशाली नेताओं का करीबी बताकर क्षेत्र में दबदबा बनाए हुए था इसी प्रभाव के चलते लोग खुलकर शिकायत करने से भी बचते थे लेकिन अब मुकदमा दर्ज होने के बाद कई लोग खुलकर सामने आने लगे हैं।
राजनीतिक गलियारों में भी इस कार्रवाई को लेकर चर्चाएं तेज हैं। विपक्षी दल जहां इसे कानून व्यवस्था की बड़ी कार्रवाई बता रहे हैं, वहीं सत्ता और संगठन से जुड़े लोग इस मामले पर खुलकर बोलने से बचते नजर आ रहे हैं। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि मामला आने वाले दिनों में और तूल पकड़ सकता है। इधर पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी अधिकारियों ने साफ किया है कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा इस पूरे घटनाक्रम के बाद रुद्रपुर और आसपास के क्षेत्रों में चर्चाओं का बाजार गर्म है। लोग इसे प्रशासन की बड़ी और सख्त कार्रवाई के रूप में देख रहे हैं। वहीं परिवहन और खनन कारोबार से जुड़े लोग भी अब पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं।।

